सहयोग शिविरों के माध्यम से पंचायतों तक पहुंच रही सरकार, 30 दिनों में शिकायतों के निष्पादन पर जोर: श्रेयसी सिंह, प्रभारी मंत्री

ध्रुव कुमार सिंह, सीतामढ़ी, बिहार, १६ जून
सीतामढ़ी जिले में आमजनों की समस्याओं के त्वरित समाधान एवं सरकारी योजनाओं की सेवाओं को पंचायत स्तर तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने के उद्देश्य से आयोजित सहयोग शिविरों का आज जिले की प्रभारी मंत्री श्रेयसी सिंह ने रुन्नीसैदपुर प्रखंड के गंगवारा बुजुर्ग एवं धनुषी पंचायत में निरीक्षण किया। इस अवसर पर विधायक पंकज मिश्रा, जिलाधिकारी रिची पांडेय, जिला स्तरीय वरीय पदाधिकारी, अनुमंडल एवं प्रखंड स्तरीय अधिकारी एवं कर्मचारी सहित जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। इस दौरान प्रभारी मंत्री ने शिविर में पहुंचे लाभुकों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं, सुझावों एवं अनुभवों की जानकारी प्राप्त की। प्रभारी मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री की परिकल्पना के अनुरूप सरकार की मंशा प्रशासनिक सेवाओं को लोगों के द्वार तक पहुंचाने की है। सहयोग शिविर इसी सोच का परिणाम है, जिसके माध्यम से विभिन्न विभागों की सेवाएं एवं योजनाएं पंचायत स्तर पर उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि “सबका सम्मान, जीवन आसान” केवल एक नारा नहीं, बल्कि सरकार की कार्यसंस्कृति का आधार है। शिविरों में शिक्षा, स्वास्थ्य, राजस्व, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, पंचायती राज, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण, किसान पहचान पत्र (फार्मर आईडी) सहित विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए काउंटरों का अवलोकन करते हुए प्रभारी मंत्री ने प्राप्त आवेदनों की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिया कि शिविर में प्राप्त प्रत्येक आवेदन को अनिवार्य रूप से सहयोग पोर्टल पर दर्ज किया जाए तथा उसकी नियमित निगरानी करते हुए समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि सहयोग शिविरों का वास्तविक उद्देश्य केवल आवेदन प्राप्त करना नहीं, बल्कि लोगों की समस्याओं का समाधान करना है। इस दिशा में सभी विभागीय पदाधिकारी एवं कर्मी संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ कार्य करें। उन्होंने विशेष रूप से निर्देश दिया कि ऐसे मामलों का अधिकतम निष्पादन शिविर स्थल पर ही किया जाए जिनका तत्काल समाधान संभव है, ताकि आमजनों को बार-बार कार्यालयों का चक्कर न लगाना पड़े। प्रभारी मंत्री ने लाभुकों से प्राप्त फीडबैक के आधार पर अधिकारियों को निर्देश दिया कि जनसेवा से जुड़े मामलों में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक आवेदन के निष्पादन हेतु स्पष्ट समय-सीमा निर्धारित करते हुए अधिकतम 30 दिनों के भीतर समाधान सुनिश्चित किया जाए। साथ ही लंबित मामलों की नियमित समीक्षा कर उनकी प्रगति सहयोग पोर्टल पर अद्यतन रखने का निर्देश भी दिया। उन्होंने प्रशासनिक अधिकारियों को आगाह करते हुए कहा कि कार्यप्रणाली में पारदर्शिता और जनोन्मुखी दृष्टिकोण अपनाना आवश्यक है। बिचौलियों की गतिविधियों पर कड़ी निगरानी रखी जाए तथा शिकायत मिलने पर उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि आमजन को बिना किसी बाधा के सरकारी सेवाओं का लाभ मिलना चाहिए। निरीक्षण के दौरान प्रभारी मंत्री ने शिविर स्थलों पर उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं, पेयजल, बैठने की व्यवस्था, साफ-सफाई एवं अन्य व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया तथा अधिकारियों को शिविर अवधि के दौरान सभी आवश्यक सुविधाएं बनाए रखने का निर्देश दिया। जिला प्रशासन ने बताया कि जिले के सभी प्रखंडों में नियमित रूप से आयोजित किए जा रहे सहयोग शिविरों के माध्यम से पंचायत स्तर पर ही विभिन्न सरकारी योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे शिकायतों के त्वरित, पारदर्शी एवं प्रभावी निष्पादन की व्यवस्था सुदृढ़ हो रही है तथा प्रशासन और आमजन के बीच संवाद एवं विश्वास भी मजबूत हो रहा है।





