भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श हेतु इंडो–नेपाल बॉर्डर डिस्ट्रिक्ट समन्वय समिति की बैठक आयोजित

ध्रुव कुमार सिंह, सीतामढ़ी, बिहार, २३ मई
सीतामढ़ी समाहरणालय स्थित विमर्श सभाकक्ष में भारत–नेपाल सीमा क्षेत्र से संबंधित विभिन्न महत्वपूर्ण विषयों पर विचार-विमर्श हेतु इंडो–नेपाल बॉर्डर डिस्ट्रिक्ट समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता प्रभारी जिला पदाधिकारी, सीतामढ़ी संजीव कुमार द्वारा की गई। बैठक में पुलिस अधीक्षक अमित रंजन, उप-विकास आयुक्त संदीप कुमार सहित नेपाल के रौतहट, सर्लाही एवं महोत्तरी जिलों के मुख्य जिला अधिकारी, पुलिस अधीक्षक तथा भारत एवं नेपाल के संबंधित जिलों के वरीय प्रशासनिक एवं पुलिस पदाधिकारी, 51वीं एवं 20वीं वाहिनी सशस्त्र सीमा बल (SSB) के कमांडेंट एवं अन्य अधिकारी, इंद्र देव यादव चीफ जिला ऑफिसर महोत्तरी, रामू राज कादरिया, सीडीओ सर्लाही, दिनेश सागर भुसाल सीडीओ रौतहट के साथ तीनों जिलों के पुलिस अधीक्षक के साथ अपर समाहर्ता आपदा प्रबंधन बृजकिशोर पांडेय, मनीष कुमार दास, Consul (ICS) CGI बीरगंज, संजीव कुमार सिंह कमांडेंट 51वीं बटालियन एसएसबी, बिरजू रजक डिप्टी कमांडेंट 20 वीं बटालियन एसएसबी के साथ दोनों ही जिलों के अन्य वरीय पदाधिकारी उपस्थित थे। बैठक के दौरान भारत–नेपाल अंतरराष्ट्रीय सीमा क्षेत्र में विधि-व्यवस्था सुदृढ़ बनाए रखने, सीमा सुरक्षा को और प्रभावी बनाने तथा दोनों देशों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई। बैठक में जाली नोटों के कारोबार, अवैध हथियारों की तस्करी, ड्रग्स एवं नारकोटिक्स की तस्करी, शराब, तंबाकू तथा अन्य प्रतिबंधित एवं अवैध वस्तुओं की सीमा पार तस्करी पर प्रभावी नियंत्रण के उपायों पर गंभीरता से विचार-विमर्श किया गया। साथ ही क्रॉस बॉर्डर क्राइम कंट्रोल को लेकर दोनों देशों के अधिकारियों के बीच समन्वित कार्रवाई पर बल दिया गया। बैठक में मोस्ट वांटेड अपराधियों की धरपकड़, संदिग्ध व्यक्तियों एवं विदेशी नागरिकों की अवैध आवाजाही पर रोक लगाने, आपसी सूचनाओं के त्वरित आदान-प्रदान तथा संयुक्त कार्रवाई को और सशक्त बनाने पर सहमति बनी। अधिकारियों ने सीमा क्षेत्र में शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने तथा किसी भी प्रकार की अवांछित गतिविधियों पर प्रभावी अंकुश लगाने हेतु निरंतर समन्वय बनाए रखने की आवश्यकता पर बल दिया। इसके अतिरिक्त ह्यूमन ट्रैफिकिंग एवं ड्रग ट्रैफिकिंग की रोकथाम, सीमा क्षेत्र में अतिक्रमण से संबंधित मामलों, बॉर्डर पिलर्स की सुरक्षा, नो मैंस लैंड में अतिक्रमण की समस्या तथा अन्य स्थानीय एवं सामान्य समस्याओं पर भी विस्तृत चर्चा की गई। दोनों देशों के अधिकारियों ने सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय असामाजिक तत्वों एवं आपराधिक गतिविधियों के विरुद्ध संयुक्त एवं सतत कार्रवाई जारी रखने पर सहमति व्यक्त की। बैठक में सीमावर्ती थानों एवं सुरक्षा एजेंसियों को पूर्ण सतर्कता बरतने तथा छोटी से छोटी घटनाओं को भी गंभीरता से लेते हुए त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया। साथ ही सीमा क्षेत्र में आपसी सहयोग, विश्वास एवं समन्वय को और मजबूत बनाने पर विशेष जोर दिया गया, ताकि भारत–नेपाल सीमा क्षेत्र में शांति, सुरक्षा एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण कायम रखा जा सके।






