राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत पशु नस्ल सुधार कार्यक्रम का आयोजन

ध्रुव कुमार सिंह, मुजफ्फरपुर, बिहार, २३ सितम्बर
भारत सरकार के राष्ट्रीय गोकुल मिशन के अंतर्गत पशु नस्ल सुधार कार्यक्रम को जिले में प्रभावी रूप से लागू करने की दिशा में आज जिला पशुपालन कार्यालय, मुजफ्फरपुर के सभागार में एक विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिला पदाधिकारी कुमार गौरव द्वारा पंचायत स्तर पर स्वरोजगार के उद्देश्य से तीन माह का प्रशिक्षण पूर्ण कर अंतिम रूप से चयनित 115 कृत्रिम गर्भाधान मैत्री कार्यकर्ताओं के बीच कृत्रिम गर्भाधान (AI) किट का वितरण किया गया। कार्यक्रम में उप-विकास आयुक्त (DDC) निशांत सिहारा (IAS) एवं वरीय पुलिस अधीक्षक, कान्तेश मिश्रा की गरिमामयी उपस्थिति रही। जिलाधिकारी श्री गौरव ने कहा कि राष्ट्रीय गोकुल मिशन के माध्यम से जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में पशु नस्ल सुधार के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर स्वरोजगार के नए अवसरों का सृजन हो रहा है। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य जिले में दुधारू पशुओं की नस्ल में सुधार करना, दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देना और आधुनिक पशुपालन तकनीकों के माध्यम से किसानों व पशुपालकों की आय में वृद्धि करना है। स्थानीय और कम उत्पादकता वाले पशुओं की नस्ल सुधारने के लिए उन्नत कृत्रिम गर्भाधान (AI) तकनीकों के प्रसार पर चर्चा की गई। जिले के सभी प्रखंडों में राष्ट्रीय गोकुल मिशन के लक्ष्यों को समय सीमा के भीतर और प्रभावी ढंग से धरातल पर उतारने की रणनीति बनाई गई। ग्रामीण क्षेत्रों में पशुपालकों के बीच उन्नत नस्लों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए प्रचार-प्रसार पर विशेष बल दिया गया। बैठक में जिला पशुपालन पदाधिकारी डॉ.मनोज कुमार मेहतासहित विभाग के अन्य अधिकारी, कृत्रिम गर्भाधान कार्यकर्ता और पशु चिकित्सालयों के प्रतिनिधि मौजूद रहे। सभी ने जिले में इस मिशन को पूरी प्रतिबद्धता के साथ सफल बनाने का संकल्प लिया।





