राज्यपाल-सह-कुलाधिपति ने कुलपतियों की बैठक में उच्च शिक्षा में सुधार, डिजिटल उपलब्धता, शैक्षणिक सत्रों को नियमित करने और छात्र-हितैषी प्रशासनिक व्यवस्था पर दिया विशेष जोर

ध्रुव कुमार सिंह, पटना, बिहार, १२ अगस्त
राज्यपाल-सह-कुलाधिपति लेफ्टिनेंट जनरल सय्यद अता हसनैन (सेवानिवृत्त) ने बिहार लोक भवन में कुलपतियों की बैठक में उच्च शिक्षा में सुधार, डिजिटल उपलब्धता, शैक्षणिक सत्रों को नियमित करने और छात्र-हितैषी प्रशासनिक व्यवस्था पर विशेष जोर दिया। राज्यपाल-सह-कुलाधिपति ने कुलपतियों को संबोधित करते हुए उच्च शिक्षा में निरंतर सुधार, नीतियों का प्रभावी क्रियान्वयन और विद्यार्थी-केंद्रित दृष्टिकोण पर जोर दिया। उन्होंने समर्थ पोर्टल के अधिकतम उपयोग, शैक्षणिक सत्रों को नियमित करने, डिग्रियों को डिजिटल रूप से उपलब्ध कराने, पुस्तकालयों को बेहतर बनाने, विद्यार्थियों से संवाद मजबूत करने और सामाजिक जिम्मेदारी बढ़ाने का आह्वान किया। उन्होंने बिहार में उच्च शिक्षा को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और उत्तरदायी बनाने के लिए सामूहिक प्रयासों पर जोर दिया। बैठक में राज्यपाल-सह-कुलाधिपति नें विश्वविद्यालयों में समर्थ (SAMARTH) पोर्टल की कार्यप्रणाली और उसके व्यापक उपयोग को बढ़ावा देनें, विश्वविद्यालयों में पठन-पाठन और परीक्षाओं के लंबित सत्रों को जल्द से जल्द नियमित करनें, विद्यार्थियों की डिग्री और प्रमाणपत्रों को डिजीलॉकर (DigiLocker) तथा डिजिटल माध्यम से सुलभ करानें, पुस्तकालय सुविधाओं का विकास करना तथा छात्रों-शिक्षकों के बीच बेहतर व पारदर्शी संवाद स्थापित करनें और टीबी-मुक्त भारत और टीबी-मुक्त बिहार अभियानों में विश्वविद्यालयों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करनें के निर्देश दिए।





