बिहारराज्यलोकल न्यूज़

मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट में नवनिर्मित राजकीय डिग्री महाविद्यालय (गायघाट कॉलेज) का हुआ उद्घाटन

ध्रुव कुमार सिंह, मुजफ्फरपुर, बिहार १५ जुलाई

मुजफ्फरपुर जिले के गायघाट में नवनिर्मित राजकीय डिग्री महाविद्यालय (गायघाट कॉलेज) का उद्घाटन पूर्व कुलपति प्रो.रिपुसुदन श्रीवास्तव द्वारा किया गया. इस अवसर पर कॉलेज के संरक्षक जिलाधिकारी कुमार गौरव, एमएलसी दिनेश सिंह, विधायक कोमल सिंह, बीआर अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय के छात्र कल्याण पदाधिकारी प्रो.आलोक प्रताप सिंह, कुलसचिव डॉ.समीर कुमार शर्मा, भूमि दाता नितेश्वर सिंह, तारकेश्वर सिंह, प्रखंड प्रमुख श्रवण कुमार, मुखिया राजीव कुमार सिंह, अजय कुमार सिंह समेत क्षेत्रीय पदाधिकारी, शिक्षक एवं छात्र सहित बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण मौजूद थे। स्वागत भाषण प्राचार्या डॉ.पयोली एवं मंच संचालन कॉलेज के बर्सर डॉ.अर्धेंदु ने किया। बीआर अंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय के छात्र कल्याण पदाधिकारी प्रो.आलोक प्रताप सिंह नें बताया की वर्तमान में कॉलेज की शैक्षणिक गतिविधियां जारंग हाईस्कूल परिसर  में सुचारू रूप से शुरू की गई हैं. इस महाविद्यालय का स्थायी और भव्य भवन जारंग चौक के समीप बनाया जाना प्रस्तावित है. इस कॉलेज में प्रथम सत्र के लिए कुल 288 सीटें निर्धारित हैं. नामांकन पोर्टल देर से खुलने के कारण फिलहाल 35 छात्र-छात्राओं का ही नामांकन हो सका है.  पहले सत्र में मुख्य रूप से 6 विषयों की पढ़ाई शुरू की गई है, जिनमें हिंदी, अंग्रेजी, राजनीति विज्ञान, इतिहास, समाजशास्त्र और अर्थशास्त्र शामिल हैं. जल्द ही यहाँ वाणिज्य संकाय (Commerce) भी शुरू किया जाएगा. इस अवसर पर दूर-दराज से आने वाली छात्राओं की सुविधा के लिए विधायक कोमल सिंह ने गायघाट विधानसभा क्षेत्र में विशेष पिंक बस सेवा शुरू करने की घोषणा की है. विधान पार्षद दिनेश प्रसाद सिंह ने कॉलेज में मिनरल वाटर मशीन, पुस्तकालय (Library) और खेलकूद की सामग्री अपनी विधायक निधि से उपलब्ध कराने की बात कही है. जिलाधिकारी ने आश्वस्त किया है कि कॉलेज की व्यवस्थाओं की नियमित रूप से निगरानी की जाएगी ताकि ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को उच्च शिक्षा के लिए शहर न भागना पड़े. यह कॉलेज बाबासाहेब भीमराव आंबेडकर बिहार विश्वविद्यालय (BRABU) के अंतर्गत संचालित हो रहा है, जिससे गायघाट और आसपास के ग्रामीण परिवेश के छात्र-छात्राओं, विशेषकर बेटियों को स्थानीय स्तर पर ही उच्च शिक्षा का बड़ा अवसर मिलेगा.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button