पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के क्रियान्वयन में तेजी लाने का निर्देश, लोन स्वीकृति एवं डिस्बर्सल में लापरवाही पर होगी कार्रवाई : जिलाधिकारी

ध्रुव कुमार सिंह, सीतामढ़ी, बिहार, २५ सितम्बर
जिलाधिकारी तनय सुल्तानिया की अध्यक्षता में परिचर्चा भवन में पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की अद्यतन प्रगति की समीक्षा की गई। बैठक में उप-विकास आयुक्त श्वेता भारती, निदेशक डीआरडीए राजेश भूषण, प्रभारी पदाधिकारी बैंकिंग आशुतोष श्रीवास्तव, डीपीआरओ कमल सिंह, कार्यपालक अभियंता विद्युत सहित विभिन्न बैंकों के शाखा प्रबंधक एवं कार्यकारी एजेंसियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे। समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने विभिन्न बैंकों के प्रदर्शन की जानकारी लेते हुए योजना के तहत लोन स्वीकृति एवं डिस्बर्सल की प्रक्रिया में अपेक्षित तेजी नहीं होने पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने सभी बैंकों को निर्देश दिया कि योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए लंबित आवेदनों का शीघ्र निष्पादन करते हुए लोन सैंक्शन एवं डिस्बर्सल की गति बढ़ाई जाए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिया कि योजना का लाभ प्राप्त करने वाले उपभोक्ताओं को अनावश्यक रूप से बैंक के चक्कर नहीं लगाने पड़ें। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं को बार-बार बैंक बुलाने की प्रवृत्ति पर अंकुश लगाया जाए तथा बैंक, विद्युत विभाग, कार्यकारी एजेंसियों एवं उपभोक्ताओं के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर आवेदन से लेकर लोन स्वीकृति एवं डिस्बर्सल तक की प्रक्रिया को सुगम बनाया जाए। उन्होंने कहा कि जनहित से जुड़ी इस महत्वपूर्ण योजना का लाभ अधिक से अधिक पात्र परिवारों तक पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता है। इसमें किसी भी स्तर पर शिथिलता पाए जाने पर संबंधित की जवाबदेही तय करते हुए नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। बैठक में कार्यपालक अभियंता विद्युत द्वारा योजना की प्रगति की जानकारी देते हुए बताया गया कि विभिन्न बैंकों द्वारा अब तक 613 ऋण डिस्बर्स किए जा चुके हैं, जो लगभग 49 प्रतिशत है। वहीं, 208 आवेदन सैंक्शन तथा 83 आवेदन डिस्बर्सल के स्तर पर लंबित हैं। योजना के तहत अब तक 770 सोलर इंस्टॉलेशन पूर्ण किए जा चुके हैं। जिलाधिकारी के निर्देश के आलोक में हाल के दिनों में जिले में सघन अभियान चलाकर लगभग 4,000 आवेदन जनरेट किए गए हैं। इन आवेदनों को योजना से आच्छादित करने की दिशा में संबंधित विभागों एवं बैंकों को आवश्यक कार्रवाई में तेजी लाने का निर्देश दिया गया।





