भारत ने हमेशा प्रौद्योगिकी का उपयोग शांति, सुरक्षा और मानव कल्याण के लिए किया है- सय्यद अता हसनैन, राज्यपाल

ध्रुव कुमार सिंह, पटना, बिहार, ११ मई
बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सय्यद अता हसनैन (सेवानिवृत्त) ने पटना के सीमेज (CIMAGE) शैक्षणिक समूह और विज्ञान भारती, बिहार द्वारा आयोजित राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी दिवस (National Technology Day) समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। विज्ञान भारती, बिहार के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. (डॉ.) शरद कुमार यादव सहित कई विशिष्ट अतिथि उपस्थित थे। इस अवसर पर राज्यपाल ने इस बात पर जोर दिया कि भारत ने हमेशा प्रौद्योगिकी का उपयोग शांति, सुरक्षा और मानव कल्याण के लिए किया है. उन्होंने बिहार के युवाओं को राज्य की सबसे बड़ी संपत्ति (शक्ति) करार दिया। उन्होंने युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, कौशल विकास और आधुनिक तकनीक के माध्यम से बिहार को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए प्रेरित किया। राज्यपाल ने अपने संबोधन में कहा कि भारत ने प्रौद्योगिकी और वैज्ञानिक शक्ति का उपयोग सदैव शांति, सुरक्षा और मानव कल्याण के लिए किया है। उन्होंने बिहार के युवाओं को तकनीक और इनोवेशन (नवाचार) के क्षेत्र में आगे बढ़ने और बिहार व देश के विकास में योगदान देने के लिए प्रेरित किया। इस अवसर पर राज्यपाल ने सीमेज कैंपस में आईआईटी बॉम्बे के सहयोग से स्थापित अत्याधुनिक ई-यंत्र (e-Yantra) एम्बेडेड सिस्टम्स और रोबोटिक्स लैब का उद्घाटन किया। यह लैब विद्यार्थियों को रोबोटिक्स, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) में व्यावहारिक ज्ञान प्रदान करेगी। इस अवसर पर IIT बॉम्बे के स्पोकन ट्यूटोरियल प्रोजेक्ट के तहत बिहार की पहली ‘स्किल एक्सेलेरेशन लैब’ की शुरुआत की गई। कार्यक्रम में बिहार के पहले ‘ह्यूमनॉइड रोबोट’ (सुमेधा) सहित कई उन्नत एआई और रोबोटिक्स तकनीकों का प्रदर्शन किया गया।





