इंटरमीडिएट परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों को डीएम एवं एसपी ने दी शुभकामनाएं, सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने को लेकर किया प्रेरित
डॉ.भीमराव अंबेडकर आवासीय विद्यालय राघोपुर बखरी के विज्ञान एवं कला संकाय के टॉपर अभ्यर्थियों को भी किया गया सम्मानित

ध्रुव कुमार सिंह, सीतामढ़ी, बिहार, २८ मार्च
सीतामढ़ी समाहरणालय स्थित परिचर्चा भवन में मेघा सम्मान–सह–पीसीएस मार्गदर्शन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी रिची पाण्डेय, पुलिस अधीक्षक अमित रंजन, अपर समाहर्ता आपदा प्रबंधन बृज किशोर पांडे, जिला कल्याणपुर अधिकारी सुभाष चंद्र राजकुमार, जिला शिक्षा पदाधिकारी राघवेंद्र मणि त्रिपाठी, प्रभारी पदाधिकारी गोपनीय शाखा ऋषभ, डीपीओ कुमार सौरभ, डीपीआरओ कमल सिंह सहित अन्य पदाधिकारी उपस्थित थे। कार्यक्रम में मंच संचालन का कार्य वरीय शिक्षक एस.एन झा के द्वारा किया गया। इंटरमीडिएट परीक्षा में सफल परीक्षार्थियों को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी रिची पाण्डेय ने कहा कि आप सभी ने अपनी मेहनत और लगन से न सिर्फ अपने परिवार, बल्कि पूरे जिले का नाम रौशन किया है। यह सफलता आपके निरंतर प्रयास, अनुशासन और आत्मविश्वास का परिणाम है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि आपके जीवन का एक महत्वपूर्ण पड़ाव है, लेकिन इसे अंतिम लक्ष्य न मानते हुए आगे की चुनौतियों के लिए स्वयं को तैयार करें। जिलाधिकारी ने छात्र-छात्राओं को सलाह दी कि वे अपनी रुचि और क्षमता के अनुसार करियर का चयन करें तथा किसी भी निर्णय में जल्दबाजी न करें। उन्होंने यह भी कहा कि समाज और राष्ट्र के निर्माण में युवाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। अतः आप सभी अपने ज्ञान और कौशल का उपयोग समाज के उत्थान और देश के विकास में करें। जिलाधिकारी ने सभी सफल परीक्षार्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि वे अपने लक्ष्य के प्रति समर्पित रहें, अपने मूल्यों को न भूलें और हमेशा सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ते रहें। कार्यक्रम में जिलाधिकारी ने सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए उन्हें अनुशासन, एकाग्रता और स्पष्ट लक्ष्य के साथ आगे बढ़ने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि जो विद्यार्थी सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रहे हैं, वे पूरे मनोयोग एवं अनुशासन के साथ अपनी पढ़ाई करें। जिलाधिकारी ने विद्यार्थियों को प्रारंभिक अवस्था से ही लक्ष्य निर्धारित करने की सलाह देते हुए कहा कि नौवीं कक्षा से ही अपने जीवन का उद्देश्य तय कर लें और उसी दिशा में निरंतर प्रयास करें। उन्होंने भेड़–चाल से बचने की नसीहत देते हुए कहा कि बिना सोचे-समझे दूसरों का अनुसरण करने के बजाय अपनी क्षमता और रुचि के अनुसार मार्ग चुनना चाहिए। उन्होंने प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के संदर्भ में कहा कि किसी भी परीक्षा को सफलतापूर्वक उत्तीर्ण करने के लिए उसके पाठ्यक्रम की रूपरेखा को भलीभांति समझना और उसे आत्मसात करना अत्यंत आवश्यक है। सेल्फ डिसिप्लिन, सेल्फ स्टडी और क्लियर माइंड सफलता की कुंजी है। जिलाधिकारी ने आगे कहा कि एकाग्रता और धैर्य के बिना सफलता संभव नहीं है। विद्यार्थियों को सलाह देते हुए उन्होंने कहा कि वे किसी भी प्रकार के अनावश्यक दबाव में कार्य न करें, बल्कि समय का सदुपयोग करते हुए सुनियोजित रणनीति के साथ अपनी तैयारी को आगे बढ़ाएं। पुख्ता रणनीति बनाकर ही लक्ष्य की ओर बढ़ें, तभी सफलता सुनिश्चित होगी उन्होंने कहा कि सफलता केवल सिविल सर्विसेज तक सीमित नहीं है, बल्कि किसी भी क्षेत्र में प्राप्त की गई उपलब्धि समान रूप से महत्वपूर्ण होती है। इसलिए विद्यार्थियों को अपने-अपने क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने के लिए निरंतर प्रयासरत रहना चाहिए। कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक अमित रंजन ने भी सिविल सर्विसेज की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए महत्वपूर्ण सुझाव दिए। पुलिस अधीक्षक श्री रंजन ने अपने संबोधन में कहा कि सिविल सर्विसेज जैसी प्रतिष्ठित परीक्षा की तैयारी केवल पढ़ाई तक सीमित नहीं होती, बल्कि इसके लिए मजबूत मानसिकता, अनुशासन और निरंतरता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रेरित करते हुए कहा कि आप जिस लक्ष्य को लेकर आगे बढ़ रहे हैं, उसमें धैर्य और आत्मविश्वास सबसे बड़ी पूंजी है। उन्होंने आगे कहा कि प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के दौरान कई बार असफलताएं भी मिलती हैं, लेकिन उससे घबराने की आवश्यकता नहीं है। हर असफलता आपको कुछ नया सिखाती है और अगली सफलता के लिए तैयार करती है। पुलिस अधीक्षक ने समय प्रबंधन को सफलता की कुंजी बताते हुए विद्यार्थियों को सलाह दी कि वे अपने दैनिक अध्ययन के लिए एक निश्चित दिनचर्या बनाएं और उसका सख्ती से पालन करें। कार्यक्रम में इंटरमीडिएट में सफलता प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र और मेमोंटो देकर सम्मानित किया गया है साथ ही उनके अभिभावक गण को भी कार्यक्रम में सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों में खासा उत्साह देखा गया। जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक के प्रेरणादायक संबोधन से उपस्थित छात्र-छात्राओं को नई ऊर्जा एवं दिशा प्राप्त हुई।






