वैज्ञानिक और तथ्यात्मक शोध ही देश व समाज की समस्याओं का वास्तविक समाधान: प्रो.दिनेश चंद्र राय, कुलपति

ध्रुव कुमार सिंह, मुजफ्फरपुर, बिहार, ०५ अक्टूबर
बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार यूनिवर्सिटी के पीजी कॉमर्स विभाग में सात दिवसीय ‘रिसर्च मेथोडोलॉजी वर्कशॉप’ (Research Methodology Workshop) का उद्घाटन किया गया। उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता करते हुए विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो.दिनेश चंद्र राय ने शोधार्थियों और विद्यार्थियों को संबोधित किया। अपने अध्यक्षीय भाषण में कुलपति महोदय ने अनुसंधान की गुणवत्ता पर जोर देते हुए कहा कि वैज्ञानिक और तथ्यात्मक शोध ही देश और समाज की वास्तविक समस्याओं का समाधान कर सकते हैं। कुलपति प्रो.राय ने कहा कि किसी भी शोध की सार्थकता तभी है जब वह समाज के लिए उपयोगी हो। उन्होंने शोधार्थियों का आह्वान किया कि वे अपने शोध को सिर्फ एक डिग्री हासिल करने का जरिया न बनाएं, बल्कि देश के आर्थिक और सामाजिक विकास में योगदान देने के लिए व्यावहारिक (Applied) रिसर्च पर ध्यान केंद्रित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि अनुमानों के बजाय तथ्यों, ठोस आंकड़ों और वैज्ञानिक पद्धतियों पर आधारित शोध ही नीति निर्माताओं के लिए मददगार साबित होते हैं। इस अवसर पर कुलानुशासक प्रो.(डॉ.) विपिन कुमार राय ने शोधार्थियों का मार्गदर्शन करते हुए कहा की शोध (Research) केवल डिग्री हासिल करने का माध्यम नहीं होना चाहिए। उन्होंने शोधार्थियों से अपील की कि वे ऐसे विषयों को चुनें जो समाज के लिए उपयोगी हों और नीति-निर्माण (Policy-making) में मदद कर सकें। इस अवसर पर विभागाध्यक्ष डॉ.रवि कुमार श्रीवास्तव नें कहा की पीजी कॉमर्स विभाग द्वारा आयोजित इस सात दिवसीय कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य युवा शोधार्थियों और विद्यार्थियों को रिसर्च मेथोडोलॉजी के आधुनिक तौर-तरीकों, डेटा कलेक्शन, सांख्यिकीय विश्लेषण और अकादमिक लेखन की बारीकियों से अवगत कराना है। समन्वयक डॉ.मो.सलाहुद्दीन ने मंच संचालन किया तथा संसाधन पुरुष डॉ.मो.निज़ामुद्दीन जुबैरी ने शोधार्थियों का मार्गदर्शन किया। धन्यवाद ज्ञापन, संकायाध्यक्ष प्रो.(डॉ.) डॉ.सैयद आले मुजतबा ने किया। उद्घाटन सत्र में विभाग के वरिष्ठ प्राध्यापक सह पूर्व उप-कुलसचिव एवं वर्कशॉप के सह-समन्वयक डॉ.विनोद बैठा, विभिन्न कॉलेजों से आए शिक्षक, शोधार्थी, डॉ.चौधरी साकेत कुमार, आयोजन समिति के सदस्य, दीपक प्रसाद, डॉ.नेयाज़ अहमद, डॉ. प्रियंका दीक्षित एवं विभाग के शिक्षकेत्तर कर्मचारी भी उपस्थित थे।





